राजस्थान में कड़ाके की सर्दी: माउंट आबू में तापमान माइनस, 7 जिलों में शीतलहर का अलर्ट; 27 जनवरी को ओलावृष्टि की संभावना
राजस्थान में 25 जनवरी 2026 को सर्दी ने फिर जोर पकड़ा। माउंट आबू में तापमान माइनस में चला गया और कई इलाकों में शीतलहर/ठंडी हवाओं का असर दिखा। मौसम विभाग ने कुछ जिलों में अलर्ट जारी किया है और 27 जनवरी के आसपास ओलावृष्टि की आशंका जताई गई है।
राजस्थान में 25 जनवरी 2026 (रविवार) को शीतलहर और तेज ठंड का असर फिर से तेज हो गया। खासकर पहाड़ी पर्यटन स्थल माउंट आबू में तापमान माइनस में जाने की खबर है, जहां सुबह के समय बर्फ जैसी परत जमने और गाड़ियों पर जमी ठंड की वजह से लोगों को अतिरिक्त सावधानी बरतनी पड़ी। स्थानीय इलाकों में सुबह-शाम ठिठुरन बढ़ने से सामान्य जनजीवन भी प्रभावित रहा।

रिपोर्ट के मुताबिक राज्य के कुछ हिस्सों में सरसरी/ठंडी हवाओं के चलते ठंड बढ़ी है। मौसम विभाग ने 7 जिलों में शीतलहर (कोल्ड वेव) को लेकर अलर्ट जारी होने की बात कही है। ऐसे में खासकर बुजुर्गों, बच्चों और पहले से सांस/हृदय संबंधी परेशानी वाले लोगों को ठंड के समय बाहर निकलने, सुबह-शाम खुले में लंबे समय तक रहने और बिना पर्याप्त ऊनी कपड़ों के यात्रा करने से बचने की सलाह दी जाती है।
अगले कुछ दिनों का अनुमान
मौसम के पूर्वानुमान में यह भी संकेत दिए गए हैं कि 26 जनवरी को कुछ जगहों पर मौसम तुलनात्मक रूप से शांत रह सकता है, लेकिन 27 जनवरी के आसपास फिर बदलाव की संभावना है। इसी दौरान कुछ हिस्सों में ओलावृष्टि की आशंका भी जताई गई है, जिससे किसानों के लिए फसल सुरक्षा और आम लोगों के लिए यात्रा/आवागमन की योजनाओं पर असर पड़ सकता है।
प्रशासन और आपदा प्रबंधन के लिहाज से ऐसे अलर्ट वाले दिनों में जरूरी है कि लोग मौसम अपडेट पर नजर रखें, खुले में रात बिताने वालों के लिए अस्थायी शेल्टर/कंबल व्यवस्था को मजबूत किया जाए और हाईवे/घाट क्षेत्रों में कोहरे या फिसलन की स्थिति बनने पर ट्रैफिक नियंत्रण के उपाय किए जाएं। पर्यटकों के लिए भी सलाह है कि वे माउंट आबू जैसे ठंडे इलाकों में जाने से पहले तापमान, सड़क स्थिति और होटल/रहने की व्यवस्थाओं की पुष्टि कर लें।
मौसम विशेषज्ञों के अनुसार ठंड के इस दौर में तापमान में उतार-चढ़ाव जल्दी हो सकता है, इसलिए दिन में धूप निकलने पर भी रात में ठंड बढ़ने की संभावना बनी रहती है। ऐसे में परतदार (लेयरिंग) कपड़े, गरम पेय, और घर के भीतर पर्याप्त वेंटिलेशन के साथ हीटर/अलाव जैसी व्यवस्था (सुरक्षा के साथ) उपयोगी हो सकती है।